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International Journal of Physiology, Nutrition and Physical Education

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ISSN: 2456-0057

International Journal of Physiology, Nutrition and Physical Education

2017, Vol. 2, Issue 1
शारीरिक शिक्षा और खेल में योग के लाभ
Author(s): डॉ राजधर चैत्राम बेडसे
Abstract:
शारीरिक शिक्षा और खेल में योग हमारे जीवन का प्रमुख अंग है योग एवम् खेल मानव जीवन का एक महत्वपूर्ण अंग है मानव को अपने व्यस्त जीवन से कुछ समय निकालकर योग करना चाहिए। योग एवम् खेल से हम लोगों का शरीर स्वस्थ रहता है। मांसपेशिया मजबुत होती है। मानसिक तनाव दुर होता है। योग एवम् खेल से मानव सर्वागीण विकाश होता है। भय एवम् चिन्ता करने से उनकी सहन शक्ति एवम् रोगो से लड़ने क्षमता कम हो जाती है। इन सबकी सबसे अच्छी दवा योग एवं खेल है।मन की चित वृतियों का विरोध करना ही योग है। भारत खेल एवं योग का प्रमुख क्रेन्द्र है, जो हमारे लिए सबसे अच्छी बात है। सम्पूर्ण विश्व को इसें जानना एवं पहचानन अति आवश्यक है।हम भारतीयों को उसके सही अर्थ को जानना एवं उसका प्रचार प्रसार करना अति आवश्यक है। योग का शुरूआत कब और कहा हुआ था यह कहना जो मानव को रोगी बना देते है। भय एवम् चिन्ता करने से उनकी सहन शक्ति एवम् रोगो से लड़ने क्षमता कम हो जाती है। इन सबकी सबसे अच्छी दवा योग एवं खेल है।मन की चित वृतियों का विरोध करना ही योग है। भारत खेल एवं योग का प्रमुख क्रेन्द्र है, जो हमारे लिए सबसे अच्छी बात है। सम्पूर्ण विश्व को इसें जानना एवं पहचानन अति आवश्यक है।हम भारतीयों को उसके सही अर्थ को जानना एवं उसका प्रचार प्रसार करना अति आवश्यक है।
Pages: 465-467  |  88 Views  4 Downloads
How to cite this article:
डॉ राजधर चैत्राम बेडसे. शारीरिक शिक्षा और खेल में योग के लाभ. Int J Physiol Nutr Phys Educ 2017;2(1):465-467.
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